जितेन्द्र सूद
जन्म- 4 मार्च, 1938,
गाँव – स्यालवा(कुराली के समीप, पंजाब)
पिता- श्री आज्ञाचन्द्र
सूद
माता- श्रीमती देवकीरानी
सूद
शिक्षा- एम. ए. (हिंदी),
बी.एड., प्रभाकर, एल.टी.सी.
कार्य- अध्यापन – कॉलेज
और स्कूल स्तर पर |
लगभग 23 वर्ष की
सेवा के उपरान्त एम्. एन. कॉलेज, शाहाबाद मारकंडा (कुरुक्षेत्र) से प्रवक्ता के पद
से सेवा-निवृत |
रचनाएँ:
कहानी-संग्रह –
- बादल, स्मृतियाँ और पानी
- चोट
- पीढ़ी दर पीढ़ी
- दूध का रंग
- मैं यह फिर न देखूं
- आज का सच
- तश्तरी चांदी की
गघ-काव्य(गघ गीत)-
- पतझड़ की पीड़ा
- मधुमास की मुस्कान
- Fall Of Autumn Leaves (पतझड़
की पीड़ा का अंग्रेजी अनुवाद)
पुरस्कार/सम्मान:
- वर्ष 1972 में भाषा विभाग, हरियाणा द्वारा लेखक कि कहानी-संग्रह ‘चोट’ को प्रथम पुरस्कार प्रदान किया गया |
- वर्ष 1964 में लेखक की कहानी ‘नन्नू’ को ‘वीर प्रताप कहानी प्रतियोगिता’ में प्रथम पुरस्कार प्राप्त हुआ | इस प्रतियोगिता में लगभग 300 कहनियाँ आई थी |
- वर्ष 1966 में लेखक की कहानी – ‘केहर सिंह’ को तृतीय पुरस्कार दिया गया | तरुण परिषद्, हिमाचल द्वारा आयोजित इस प्रतियोगिता में लगभग 200 कहनियाँ आई थी |
- सनातन धर्म कॉलेज, अम्बाला छावनी द्वारा वर्ष 1972-73 में साहित्यिक उपलब्धियों के उपलक्ष्य में स्वर्णपदक दिया गया | यह पदक देश के तत्कालीन रक्षामंत्री के कर-कमलों से प्रदान किया गया |
- वर्ष 2006 के लिए लेखक को ‘ साहित्य सभा’ कैथल की ओर से ‘ श्री दयालचंद मदान साहित्य सम्मान’ प्रदान किया गया |
- वर्ष 2006 के लिए ‘मानव भारती साहित्य मंच’ हिसार द्वारा लेखक को ‘सहित्य शिरोमणि सम्मान’ प्रदन किया गया |
- वर्ष 2007 में ‘ राष्ट्र भाषा विचार मंच’, अमबाला छावनी से लेखक को ‘राष्ट्रभाषा सम्मान’ प्राप्त हुआ |
- वर्ष 1969 में लेखक को ‘नगर सेवा संघ’ अम्बाला शहर द्वारा समाज तथा साहित्य सेवा के लिए ‘मानव पुरस्कार’ और ताम्रपत्र प्रदान किया गया |
- वर्ष 1996-1997 में राधा कृष्णन सोसाइटी, शाहाबाद मार्केंडेय की ओर से लेखक को ‘ आदर्श शिक्षक’ के रूप में सम्मानिंत किया गया |
- ‘रोटरी क्लब’, ‘फ्रेंड्स क्लब’ शाहाबाद मार्केंडेय द्वारा लेखक को सम्मानित किया गया |
- सितम्बर, 2000 में नयी दिल्ली में आयोजित, ‘सहस्त्राब्दी विश्व हिंदी सम्मेलन’ में लेखक को ‘राष्ट्रीय हिंदी सेवी सहस्त्राब्दी सम्मान’ प्रदान किया गया |
- वर्ष 2010 में रोटरी क्लब और आईना प्रोडक्शन, अमबाला शहर द्वारा लेखक को सम्मानित और पुरस्कृत किया गया |
- वर्ष 2004 में कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय से ‘ जितेन्द्र सूद-व्यक्तित्व एवं कृतित्व’ शीर्षक के अंतर्गत लेखक के साहित्य पर छात्र परम्नंदन द्वारा एम्.फिल किया गया |
- आकाशवाणी, कुरुक्षेत्र से लेखक की बीस के लगभग कहनियाँ प्रसारित हो चुकी हैं |
- वर्ष 2008 में लेखक के लघुकथा संग्रह ‘ आज का सच’ पर छात्र राजकुमार द्वारा शोध-कार्य एम्. फिल के लिए संपन्न किया गया |
- वर्ष 2010 में लेखक को हरियाणा का प्रतिष्ठित सम्मान ‘उदयभानु हंस वरिष्ठ साहित्यकार सम्मान’ प्राप्त हुआ |
- 11 सितम्बर, 2011 में लेखक को ‘प्रादेशिक हिंदी साहित्य सम्मेलन, हरियाणा’ द्वारा सिरसा में सम्मानित किया गया |